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कोरबा: पंडित मुकुटधर पांडेय साहित्य भवन समिति का स्थापना दिवस संपन्न, काव्यपाठ और सम्मान से सजा आयोजन

​Kpn24.com कोरबा 04 नवबर 2026

पंडित मुकुटधर पांडेय साहित्य भवन समिति का स्थापना दिवस समारोह साहित्य भवन परिसर में हर्षोल्लास और भव्यता के साथ संपन्न हुआ। इस गरिमामयी आयोजन में साहित्य, संगीत और कला जगत से जुड़े प्रतिष्ठित रचनाकारों और कलाप्रेमियों ने बड़ी संख्या में शिरकत कर कार्यक्रम को खास बना दिया।

​कार्यक्रम की मुख्य बातें

​अध्यक्षता: समारोह की अध्यक्षता समिति के वरिष्ठ संरक्षक जनाब यूनुस दानियालपुरी ने की।

​समारोह का शुभारंभ: माँ सरस्वती की वंदना और दीप प्रज्ज्वलन के साथ कार्यक्रम का विधिवत आगाज़ हुआ।

​विशेष आकर्षण: हर आयोजन की तरह इस बार भी एक अनूठी पहल के तहत कवयित्री फिरोजा खान और कवि मुकेश चतुर्वेदी को ‘लकी ड्रा’ (भाग्यशाली चयन) के जरिए विशेष उपहार देकर सम्मानित किया गया।

​संचालन: कार्यक्रम का सफल और ऊर्जावान संचालन डॉ. कृष्ण कुमार चंद्रा, जितेंद्र कुमार वर्मा ‘खैरझिटिया’ और कविता जैन ने संयुक्त रूप से किया।

​स्वागत उद्बोधन और उपलब्धियों पर चर्चा

​समारोह के आरंभ में अतिथियों का स्वागत पुष्पगुच्छ और बैच लगाकर किया गया। इसके बाद समिति के सचिव डॉ. कृष्ण कुमार चंद्रा ने स्वागत उद्बोधन देते हुए संस्था की अब तक की साहित्यिक-सांस्कृतिक यात्रा, उपलब्धियों और भविष्य की कार्ययोजनाओं पर विस्तार से प्रकाश डाला।

​रचनाकारों की स्वरलहरियों से गूंजा मंच

​कार्यक्रम के दूसरे चरण में आयोजित काव्यगोष्ठी में कोरबा और आसपास के नामचीन रचनाकारों ने अपनी बेहतरीन कविताओं और रचनाओं से समां बांध दिया। काव्यपाठ करने वालों में प्रमुख रूप से—

​यूनुस दानियालपुरी, उमेश अग्रवाल, दिलीप अग्रवाल, डॉ. कृष्ण कुमार चंदRA, मुकेश चतुर्वेदी, शिशिर कुमार तिवारी, बी.एल. पात्रे, फिरोजा खान, कविता जैन, बलराम राठौर, संतोष चौहान, जितेंद्र कुमार वर्मा ‘खैरझिटिया’, दिव्या मित्तल, अर्चना साहू, अंकिता सोनी, वीणा मिस्त्री, पुष्पा सांडिल्य, नवल जोशी और रश्मि श्रीवास शामिल रहे।

​कला, साहित्य और संगीत का अनूठा संगम

​कार्यक्रम के अंत में समिति के अध्यक्ष दिलीप अग्रवाल ने सभी अतिथियों, रचनाकारों और श्रोताओं के प्रति आभार व्यक्त किया। इस आयोजन ने एक बार फिर साबित कर दिया कि पंडित मुकुटधर पांडेय साहित्य भवन केवल एक इमारत नहीं, बल्कि सृजनधर्मी रचनाकारों के संवाद, कला-साहित्य के संवर्द्धन और सांस्कृतिक चेतना का एक जीवंत और सशक्त साझा मंच है।

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Author: Kpn 24

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