
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह से मिले छात्र-छात्राएं, संसदीय परंपराओं और संविधान की मिली प्रेरणादायी सीख
KPN24.com रायपुर 15 जुलाई 2026
छत्तीसगढ़ विधानसभा का पावस सत्र मंगलवार को विद्यार्थियों के लिए लोकतंत्र की जीवंत पाठशाला बन गया। भिलाई स्थित शकुंतला विद्यालय के कक्षा 11वीं और 12वीं के छात्र-छात्राओं ने शैक्षणिक भ्रमण के दौरान विधानसभा की कार्यवाही का प्रत्यक्ष अवलोकन कर लोकतांत्रिक व्यवस्था, संसदीय परंपराओं और संविधान की कार्यप्रणाली को बेहद करीब से समझा।
इस अवसर पर विद्यार्थियों ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय एवं विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह से भेंट कर लोकतंत्र की मूल भावना, जनप्रतिनिधियों की जिम्मेदारियों तथा विधानसभा की भूमिका के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त की।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने विद्यार्थियों से संवाद करते हुए कहा कि आज के विद्यार्थी ही विकसित भारत और विकसित छत्तीसगढ़ के भविष्य के निर्माता हैं। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र केवल मतदान तक सीमित नहीं है, बल्कि जनता की आकांक्षाओं को जनप्रतिनिधियों के माध्यम से सदन तक पहुंचाने की सतत और सशक्त व्यवस्था है। विधानसभा में जनहित से जुड़े मुद्दों पर गंभीर चर्चा होती है तथा प्रदेश के विकास और नागरिकों के कल्याण के लिए नीतियां एवं कानून बनाए जाते हैं।
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए उन्हें संविधान, लोकतांत्रिक मूल्यों और नागरिक कर्तव्यों के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि ऐसे शैक्षणिक भ्रमण युवाओं में लोकतांत्रिक संस्थाओं के प्रति विश्वास, संविधान के प्रति सम्मान और जिम्मेदार नागरिक बनने की प्रेरणा जगाते हैं।
इस दौरान स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव एवं विधायक रिकेश सेन भी उपस्थित रहे।
शैक्षणिक भ्रमण के दौरान विद्यार्थियों ने दर्शक दीर्घा से प्रश्नकाल, विभिन्न विषयों पर हुई चर्चाओं तथा संसदीय प्रक्रियाओं का अवलोकन किया। साथ ही विधानसभा भवन की संरचना, कार्यप्रणाली और लोकतांत्रिक व्यवस्था से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां भी हासिल कीं।
भ्रमण के बाद विद्यार्थियों ने इसे ज्ञानवर्धक, प्रेरणादायी और अविस्मरणीय अनुभव बताते हुए कहा कि पुस्तकों में पढ़ी गई संसदीय व्यवस्था को प्रत्यक्ष रूप से देखने का अवसर उनके लिए बेहद विशेष रहा। इस अनुभव ने लोकतंत्र, संविधान और जनप्रतिनिधियों की भूमिका के प्रति उनकी समझ को और अधिक सशक्त किया।










