
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने गनियारी पहुंचकर दी भावभीनी श्रद्धांजलि, लोककला संरक्षण के लिए किए कई बड़े ऐलान
KPN24.com रायपुर 14 जुलाई 2026
छत्तीसगढ़ की लोकसंस्कृति की अमर प्रतीक, पद्म विभूषण स्वर्गीय डॉ. तीजन बाई की स्मृतियों को चिरस्थायी बनाने के लिए राज्य सरकार ने महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने मंगलवार को दुर्ग जिले के ग्राम गनियारी पहुंचकर आयोजित दशगात्र एवं श्रद्धांजलि सभा में शामिल होते हुए कहा कि डॉ. तीजन बाई की सांस्कृतिक विरासत को आने वाली पीढ़ियों तक सुरक्षित पहुंचाना राज्य सरकार की प्राथमिकता है।
मुख्यमंत्री ने स्वर्गीय डॉ. तीजन बाई के तैलचित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धासुमन अर्पित किए तथा शोकाकुल परिवार से मुलाकात कर संवेदना व्यक्त की। उन्होंने डॉ. तीजन बाई के पुत्र दिलहरण पारधी सहित परिवार के अन्य सदस्यों से भेंट कर उन्हें ढांढस बंधाया।
विश्व पटल पर छत्तीसगढ़ की पहचान थीं डॉ. तीजन बाई
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि डॉ. तीजन बाई केवल छत्तीसगढ़ की नहीं, बल्कि पूरे देश की सांस्कृतिक धरोहर थीं। अपनी विलक्षण प्रतिभा, अद्भुत साधना और पंडवानी की कापालिक शैली के माध्यम से उन्होंने छत्तीसगढ़ की लोककला को अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाई। उनका संपूर्ण जीवन लोकसंस्कृति, परंपरा और कला के संरक्षण को समर्पित रहा।
सरकार के बड़े फैसले
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर कई महत्वपूर्ण घोषणाएं करते हुए कहा कि—
राज्योत्सव के अवसर पर प्रतिवर्ष ‘डॉ. तीजन बाई लोककला अलंकरण’ प्रदान किया जाएगा।
ग्राम गनियारी स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय का नामकरण डॉ. तीजन बाई के नाम पर किया जाएगा।
डॉ. तीजन बाई के जीवनभर की कला-साधना के प्रतीक तंबूरे को रायपुर संग्रहालय में पूरे सम्मान के साथ संरक्षित रखा जाएगा, ताकि भावी पीढ़ियां उनकी अमूल्य सांस्कृतिक विरासत से प्रेरणा ले सकें।
लोककला के प्रति समर्पण को किया नमन
मुख्यमंत्री ने कहा कि डॉ. तीजन बाई का योगदान सदैव कलाकारों और युवा पीढ़ी को प्रेरित करता रहेगा। उन्होंने पंडवानी जैसी लोकविधा को विश्व मंच तक पहुंचाकर भारतीय लोकसंस्कृति का गौरव बढ़ाया और छत्तीसगढ़ का नाम पूरी दुनिया में रोशन किया।
दो मिनट का मौन रखकर दी सामूहिक श्रद्धांजलि
श्रद्धांजलि सभा को सांसद विजय बघेल, पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री राजेश अग्रवाल तथा विधायक पद्मश्री अनुज शर्मा ने भी संबोधित किया। सभी वक्ताओं ने डॉ. तीजन बाई के अतुलनीय योगदान को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम में उपस्थित सभी लोगों ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।
इस अवसर पर पद्मश्री आर.एस. बारले, स्कूल शिक्षा मंत्री गजेन्द्र यादव, विधायक डोमन लाल कोर्सेवाड़ा, छत्तीसगढ़ फिल्म विकास निगम की अध्यक्ष मोना सेन, विभिन्न क्षेत्रों से आए कलाकार, जनप्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।










