
KPN24 :- जब इंसान की जान को खतरा हो तो सबसे पहले अस्पताल की और भागता है लेकिन अगर वहां भी ईलाज के दौरान अगर एक्सपायरी डेट की दवा दि जाए तो फिर वही कहावत चरितार्थ हो जाती की आसमान से टपके तो खूजर में अटके , यही हाल छत्तीसगढ़ में लोगों की जान से खिलवाड़ होता दिख रहा है. यहां जिन लोगों पर आम जनता के स्वास्थ्य की जिम्मेदारी है उनका लापरवाह रवैया आम लोगों पर भारी पड़ सकता है. धमतरी के छाती गांव में कुछ ऐसा ही हो रहा है. यहां सीएचसी में एक्सपायरी दवाइयां मौजूद है. इस पर अब तक सीएचसी की टीम ने कोई संज्ञान नहीं लिया है।
धमतरी जिले के छाती स्थित उप स्वास्थ्य केंद्र में बहुत बड़ी लापरवाही देखी गई है. ग्राम विकास समिति ने बताया कि उप स्वास्थ्य केंद्र समय पर नहीं खुलता. इस वजह से यहां भारी मात्रा में दवाई एक्सपायरी हो चुकी है.कई दवाइयां ऐसी है जो वर्षों से रखी हुई है शासन को क्षति पहुंचाने वाला काम यहां के डॉक्टर कर रहे हैं. वहीं इस मामले पर उप स्वास्थ्य केन्द्र की सीएचओ ने अपने अधिकारियों को ही जिम्मेदार ठहरा दि , वहीं छाती गांव के पंचायत बॉडी ने कहा कि अस्पताल खुलता ही नहीं है तो कहां से दवाइयों की खपत होगी. यह तो शासन को चूना लगाने वाला काम है. बड़ी मात्रा में दवाइयां एक्सपायरी हो गई है. अगर किसी को यह एक्सपायरी दवा दे दिया जाता है तो उसके स्वास्थ्य पर बुरा असर पड़ेगा, उसकी जान भी जा सकती है ऐसे अफसर पर कार्रवाई होनी चाहिए।
सीएचओ शबनम खान ने क्या कहा ?:
इस खुलासे पर उप स्वास्थ्य केंद्र की सीएचओ का कहना है कि नियर एक्सपायरी दवाइयां हमारे पास आती है. बेसिकली उतना यूज नहीं हो पाता. उतनी मात्रा में खपत नहीं हो पाती. इसलिए दवाइयां एक्सपायरी हो जाती है. हमें मीटिंग या फिर प्रशिक्षण में बताना रहता है लेकिन हम जो डिमांड नहीं करते हैं,वह दवाइयां भी हमें भेज दिया जाता है. तो उसका क्या किया जाएगा।










