
मनीष विद्यार्थी बुरहानपुर।
KPN24:- बुरहानपुर जिले के धुलकोट ग्राम में जमीनी विवाद को लेकर दो मौसेरे भाईयों में विवाद हो गया और देखते ही देखते यह विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया। इस विवाद में वीरेंद्र पिता सेवक ने अपने मौसेरे भाई रंजित पिता विक्रम पर चाकू से हमला कर दिया। इस हमले में घायल युवक को धुलकोट स्थित स्वास्थ केन्द्र पर ले जाया गया। जहां घायल का प्राथमिक उपचार कर उसे 108 एंबुलेंस से बुरहानपुर जिला अस्पताल भेजा गया। चाकू के हमले घायल युवक का स्वास्थ बिगडऩे लगा तो जिला अस्पताल से खंडवा जिला अस्पताल के लिए रैफर किया गया। लेकिन उसने रास्ते में ही दम तोड़ दिया।
उल्लेखनीय है कि युवक पर चाकू से हमला करने वाले उसके मौसेरे भाई विरेंद्र पिता सेवक उम्र 28 वर्ष को पुलिस ने रात में ही गिरफ्तार कर लिया था।
मृतक युवक के परिजनों का कहना है आरोपी वीरेंद्र ने बाहर से भी कुछ लोग बुलाये थे, जिन्होंने मृतक रंजित के साथ मारपीट की। धुलकोट क्षेत्र में इस सनसनीखेज हत्याकांड के बाद लोग दहशत में हैं। और लोगों का कहना है कि चाकूबाजी की क्षेत्र यह पहली घटना है। जिससे यह घटना पूरे आदिवासी क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गई है।
ग्रामीणों ने किया पुलिस चौकी का घेराव
घटना के बाद दो घंटे तक ग्रामीणों ने पुलिस चौकी का घेराव कर जमकर हंगामा किया। जब चाकू के हमले घायल युवक की मौत कई खबर मृतक युवक के परिजनों और ग्रामीणों को लगी तो सुबह 10 बजे से धुलकोट पुलिस चौकी परिसर में मृतक के परिजनों और ग्रामीणों की भीड़ लगने लगी। धीरे-धीरे यह भीड़ इतनी बढ़ गई कि चौकी परिसर एवं बाहर सैकड़ों लोगों की भीड़ एकत्रित हो गई। सबकी एक सुर में मांग थी कि जिन लोगों ने युवक पर हमला किया उन लोगों को अभी पकडक़र हमारे सामने लाओ, नहीं तो हम लोग यहां से नहीं हटेंगे। जैसे-जैसे समय गुजर रहा था वैसे-वैसे चौकी परिसर में लोगों की भीड़ बढ़ रही थी।
एसडीओपी ने संभाला मोर्चा
मामले के बढऩे की जानकारी लगते ही नेपानगर एसडीओपी निर्भयसिंह अलावा और निंबोला थाना प्रभारी राहूल कांबले सहित पुलिस टीम मौके पहुंची। लेकिन ग्रामीणों के विरोध के सामने किसी की भी नहीं चल रही थी और वे बार-बार पुलिस से आरोपियों की गिरफ्तार करने की मांग कर रहे थे। दोपहर दो बजे के लगभग जब मृतक युवक का शव उसके परिजन सीधे धुलकोट पुलिस चौकी परिसर में ले आये। यहां शव को लेकर मृतक युवक के परिजनों एवं ग्रामीणों ने पुलिस के खिलाफ गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि अगर पुलिस समय पर कार्रवाई करती तो यह घटना नहीं होती।
पुलिस ने समझाईश देकर कर दिया था रवाना, बाद में हुआ विवाद
इधर निंबोला थाना प्रभारी कांबले ने बताया कि जमीन विवाद को लेकर दो पक्ष शाम में आये थे, लेकिन उनको समझाईश देकर भेज दिया गया था और कहा था कि आप कल सुबह आ जाना। लेकिन दोनो पक्षों को समझाईश देने के बाद फिर उनमें विवाद हुआ और रंजित पर चाकू से हमला कर दिया। जिससे उसकी मौत हो गई। शव जैसे ही धुलकोट लाया गया परिजनों एवं ग्रामीणों ने पुलिस को खदेड़ते हुए शव पुलिस चौकी के अंदर ले जा कर रख दिया। इसके बाद लगभग दो घंटे तक पुलिस चौकी धुलकोट में जमकर हंगामा किया। काफी समझाने के बाद मृतक युवक के परिजनों एवं ग्रामीणों ने पुलिस से लिखित में आश्वासन की मांग की। जिस पर पुलिस ने सभी आरोपियों की जल्दी से जल्दी गिरफ्तारी का भरोसा दिलाकर मामला शांत कराया। इसके बाद शव को ले जाकर उसका अंतिम संस्कार किया गया। पुलिस ने मुख्य आरोपी को हिरासत में ले लिया जबकि शेष सहयोगी आरोपियों की तलाश की जा रही है। मामला दर्ज कर जांच शुरु कर दी गई है।










