
KPN24:- राष्ट्रीय मधुमक्खी पालन एवं शहद मिशन के अंतर्गत सक्ती जिले के डोड़की स्थित शासकीय रोपणी में इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय रायपुर के मार्गदर्शन और कृषि विज्ञान केंद्र जांजगीर के तत्वावधान में 8 दिवसीय निःशुल्क मधुमक्खी पालन प्रशिक्षण आयोजित किया गया। इसमें सक्ती जिले के 25 किसानों ने भाग लिया।
प्रशिक्षण के दौरान किसानों को सरगुजा अंबिकापुर जिले के मैनपाट और बहेराडीह में स्थित वरिष्ठ पत्रकार कुंजबिहारी साहू किसान स्कूल का भ्रमण कराया गया, जहां उन्होंने मधुमक्खी पालन की तकनीक और व्यावहारिक जानकारी हासिल की।
कृषि विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक व प्रमुख डॉ. के.डी. महंत ने बताया कि प्रशिक्षण में कीट वैज्ञानिक डॉ. रंजीत मोदी, डॉ. आशुलता ध्रुव, मास्टर ट्रेनर एस.एस. ठाकुर और दीनदयाल यादव ने किसानों को मधुमक्खी पालन की वैज्ञानिक विधियों, देखभाल और शहद उत्पादन की तकनीकों से अवगत कराया।
इस प्रशिक्षण और भ्रमण में जाजंग गांव की राष्ट्रीय कृषि कर्मण पुरस्कार से सम्मानित महिला कृषक सुशीला गबेल सहित यादव प्रसाद गबेल, रामसिंह सिदार, स्वर्ण बाई महंत, सुकांति महंत, संजय पटेल, खीरबाई पटेल, आशा नेताम, मुरलीधर लहरे, सुनिता केवट, श्यामबाई साहू, सावित्री गबेल, रोशनी राज, रौशनी चौहान, मीना राजपूत, सुमित्रा चौहान, चन्द्रिका साहू, सूरज बाई, जया कुमारी सिदार, कमला पटेल, कुमारी साहू, दरस कुंवर गोड़, बसंती जायसवाल, शीतल सिदार, दिगंबर पटेल और अक्तिराम सिदार समेत कई किसान शामिल रहे।
इस पहल से क्षेत्र के किसानों को मधुमक्खी पालन जैसी आयवर्धक गतिविधि अपनाने का अवसर मिलेगा, जिससे वे अपनी आर्थिक स्थिति को मजबूत कर सकेंगे।










