
KPN24:- बिहार के पूर्णिया साइबर अपराधियों की दुनिया में हलचल मच गई है! पूर्णिया पुलिस ने एक बड़े अंतर्राज्यीय साइबर ठगी गैंग का पर्दाफाश कर दिया है। इस गैंग की करतूत सुनकर आप दंग रह जाएंगे — सिर्फ दो दिनों में 10 करोड़ रुपये से ज्यादा की ठगी की रकम एक ही बैंक खाते में जमा हुई!
पुलिस ने इस मामले में कसबा थाना क्षेत्र निवासी रूपेश कुमार सालिया को दबोचा है। चौंकाने वाली बात यह है कि गिरफ्तार आरोपी के खाते में यह रकम मुंबई के एक दंपत्ति से ‘Digital Arrest’ नामक नए तरीके से ठगे गए 10.50 करोड़ रुपये की थी।
कमीशन के लालच ने बना दिया अपराधी
पूछताछ में पता चला कि रूपेश कर्ज में डूबा हुआ था, और जल्दी पैसा कमाने के चक्कर में उसने अपना करेंट अकाउंट साइबर गिरोह को बेच दिया। बदले में उसे मोटा कमीशन मिलने वाला था — पर अब पहुंच गया सीधे सलाखों के पीछे।
बैंक ने बजाई अलार्म, पुलिस तुरंत हरकत में
खाते में अचानक करोड़ों की संदिग्ध एंट्री देखकर बैंक हो गया सतर्क, और तत्काल साइबर थाना में मामला दर्ज कराया। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने रूपेश को हिरासत में ले लिया।
पहले से ही 12 शिकायतें!
पुलिस के अनुसार रूपेश एक निजी स्कूल/शोरूम का संचालक भी है। और हैरानी की बात — साइबर अपराध से जुड़े पोर्टल पर उसके खिलाफ पहले से 12 शिकायतें दर्ज हैं!
गिरोह के और सदस्य रडार पर
पुलिस का दावा है कि यह गैंग बिहार–बंगाल लिंक वाले बड़े नेटवर्क का हिस्सा है। पुलिस ने कहा है कि अब बाकी अपराधियों की तलाश जारी है और जल्द ही बड़ी कार्रवाई हो सकती है।










