
KPN24.com रायपुर, 23 फरवरी 2026।
छत्तीसगढ़ विधानसभा में आगामी कार्यवाही को सुचारु, प्रभावी और जनोन्मुख बनाने के उद्देश्य से आज एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने की। यह बैठक विधानसभा के समिति कक्ष में सम्पन्न हुई, जिसमें सदन की कार्यसूची, विधायी प्राथमिकताओं और जनहित से जुड़े विषयों पर गंभीर चर्चा हुई।
बैठक में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय, नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत, उपमुख्यमंत्री अरुण साव, संसदीय कार्य मंत्री केदार कश्यप, वित्त मंत्री ओ. पी. चौधरी, कृषि मंत्री रामविचार नेताम सहित विधायक धरम लाल कौशिक, धर्मजीत सिंह और अजय चंद्राकर समेत समिति के अन्य सदस्य उपस्थित रहे।
सदन संचालन को लेकर रणनीतिक चर्चा
बैठक में आगामी विधानसभा सत्र की कार्ययोजना को लेकर व्यापक मंथन किया गया। सरकार की ओर से पेश किए जाने वाले विधेयकों, वित्तीय प्रस्तावों और जनकल्याणकारी योजनाओं पर चर्चा की रूपरेखा तय की गई। साथ ही विपक्ष की ओर से उठाए जाने वाले संभावित मुद्दों को भी गंभीरता से लेने पर सहमति बनी, ताकि सदन की कार्यवाही सुचारु और परिणामोन्मुख रहे।
जनहित सर्वोपरि, समय प्रबंधन पर जोर
अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि विधानसभा लोकतंत्र का सर्वोच्च मंच है और यहां जनभावनाओं का सम्मान सर्वोपरि होना चाहिए। उन्होंने सभी पक्षों से सदन की गरिमा बनाए रखते हुए सकारात्मक और रचनात्मक चर्चा करने की अपील की। बैठक में समय प्रबंधन, प्रश्नकाल की प्रभावशीलता और शून्यकाल में उठने वाले मुद्दों को लेकर भी दिशा-निर्देश तय किए गए।
सत्ता और विपक्ष में समन्वय का संदेश
बैठक की खास बात यह रही कि सत्ता और विपक्ष के वरिष्ठ नेताओं ने एक स्वर में सदन को जनहित के मुद्दों पर केंद्रित रखने की प्रतिबद्धता जताई। राजनीतिक मतभेदों के बावजूद लोकतांत्रिक मूल्यों को सर्वोपरि रखने का संदेश इस बैठक से स्पष्ट रूप से सामने आया।
राजधानी रायपुर में आयोजित इस महत्वपूर्ण बैठक को आगामी विधानसभा सत्र की दिशा तय करने वाला माना जा रहा है। अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि सदन में होने वाली बहसें किस तरह प्रदेश के विकास और जनकल्याण की दिशा में ठोस परिणाम लेकर आती हैं।










