
KPN24:- सारंगढ़ (बिर्रा-गौटियापारा, गोडिहारी)। संगीतमय श्रीमद् भागवत कथा के चतुर्थ दिवस गांव गोडिहारी में ऐसा भक्तिमय वातावरण बना कि पूरा पंडाल “राधे-राधे” और “जय कन्हैया लाल की” के जयघोष से गूंज उठा। “नंद घर आनंद भयो, जय कन्हैया लाल की” भजन पर श्रद्धालु भाव-विभोर होकर झूमते नजर आए। अवसर था भगवान श्रीकृष्ण जन्मोत्सव और नंदोत्सव के उत्साहपूर्ण आयोजन का।
समस्त ग्रामवासियों के सहयोग से आयोजित इस भव्य कथा में राष्ट्रीय कथावाचिका सुश्री पूजा किशोरी ने भगवान श्रीकृष्ण के जन्म की जीवंत झांकी प्रस्तुत की। जैसे ही श्रीकृष्ण जन्म का प्रसंग आया, संगीत की मधुर धुनों के साथ पूरा पंडाल भक्ति रस में डूब गया। श्रद्धालुओं की आंखों में आस्था और चेहरों पर अलौकिक आनंद साफ झलक रहा था।
कथावाचिका ने कहा कि भगवान का अवतरण केवल एक घटना नहीं, बल्कि धर्म की स्थापना और अधर्म के विनाश का दिव्य संकल्प होता है। उन्होंने वामनावतार और रामावतार का विस्तार से वर्णन करते हुए बताया कि हर युग में भगवान ने मानवता की रक्षा के लिए अवतार लिया है। उन्होंने यह भी कहा कि सनातन धर्म के अनुयायियों के लिए यह गर्व का विषय है कि प्रभु श्रीराम अपनी जन्मभूमि अयोध्या में विराजमान हैं।
कार्यक्रम में मुख्य यजमान के रूप में श्रीमती पुनिया पटेल, भरतलाल पटेल, लक्ष्मीनारायण पटेल, दूधारू, शंकर लाल, महेत्तर प्रसाद, बुधराम पटेल सहित बड़ी संख्या में महिलाएं और श्रद्धालु उपस्थित रहे। आयोजन स्थल पर भक्ति, उल्लास और आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिला।
कथा के पंचम दिवस बाल लीलाओं—माखन चोरी और गोवर्धन पूजा—का रसपूर्ण वर्णन किया जाएगा, जिसकी तैयारी अभी से श्रद्धालुओं में उत्साह भर रही है।
धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक परंपरा और सामूहिक एकता का अद्भुत उदाहरण बना गोडिहारी का यह नंदोत्सव।










