
“मोर गांव–मोर पानी” अभियान से जल संरक्षण को मिलेगा नया आयाम, जनभागीदारी से गांवों में आएगा विकास का नया दौ
KPN24.com जांजगीर-चांपा 4 अप्रैल 2026
जांजगीर-चांपा जिले में ग्रामीण विकास, रोजगार सृजन और जल संरक्षण को नई गति देने के लिए आगामी तीन माह तक “आवास दिवस” और “रोजगार दिवस” को महाअभियान के रूप में मनाया जाएगा। कलेक्टर जन्मेजय महोबे के निर्देशन और जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी गोकुल रावटे के मार्गदर्शन में जिले की सभी ग्राम पंचायतों में इस विशेष अभियान की शुरुआत की जा रही है।
इस अभियान के तहत गांवों में विकास कार्यों को तेज गति देने के साथ आमजन की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। 7 अप्रैल को जिले की सभी ग्राम पंचायतों में चावल महोत्सव के साथ “आवास दिवस” और “रोजगार दिवस” का भव्य आयोजन किया जाएगा, जहां ग्रामीणों को विभिन्न योजनाओं की जानकारी भी दी जाएगी।
अभियान के दौरान महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के अंतर्गत चल रहे कार्यों को निर्धारित समयसीमा में पूरा करने के साथ ही “मोर गांव–मोर पानी महाअभियान” के तहत जल संरक्षण संरचनाओं का निर्माण, भूमिपूजन और जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। साथ ही विकसित भारत जी राम जी योजना के व्यापक प्रचार-प्रसार पर भी जोर रहेगा।
प्रशासन द्वारा युक्तधारा पोर्टल और मोबाइल अनुप्रयोग के माध्यम से योजनाओं की निगरानी की जाएगी। ग्राम स्तर पर ट्रांजेक्ट वॉक के जरिए लोगों की सहभागिता बढ़ाई जाएगी। साथ ही वृक्षारोपण और नर्सरी तैयार करने की व्यापक योजना बनाई जा रही है, जिससे पर्यावरण संरक्षण के साथ ग्रामीणों को अतिरिक्त आजीविका के अवसर भी मिलेंगे।
प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण सहित अन्य योजनाओं के तहत स्वीकृत सभी आवासों को अधिकतम 90 दिनों के भीतर पूर्ण करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए ग्राम सभाओं में विस्तृत कार्ययोजना तैयार की जाएगी। हितग्राहियों को राशि की जानकारी देने, समस्याओं के समाधान, जियो टैगिंग और शिकायतों के त्वरित निराकरण की भी व्यवस्था की जाएगी।
मनरेगा के अंतर्गत नए कार्य प्रारंभ करने, आजीविका डबरी के माध्यम से आय बढ़ाने तथा स्व-सहायता समूह की महिलाओं को सामग्री आपूर्ति और रोजगार से जोड़ने पर विशेष जोर दिया जाएगा। सी एल एफ के माध्यम से नए तालाब (तरिया) निर्माण के लिए स्थान चिन्हित कर दो माह के भीतर कार्य पूर्ण करने की योजना भी बनाई गई है, जिससे जल संरक्षण के साथ ग्रामीणों की आय में वृद्धि होगी।
अभियान के तहत मनरेगा और आवास योजनाओं की जानकारी क्यूआर कोड के माध्यम से आमजन तक पहुंचाई जाएगी। अमृत सरोवर सहित विभिन्न स्थानों पर सूचना पट्ट लगाए जाएंगे। जल संरक्षण और संवर्धन से जुड़े कार्यक्रमों में स्कूल और कॉलेज के विद्यार्थियों की सक्रिय भागीदारी भी सुनिश्चित की जाएगी, ताकि जागरूकता का दायरा और अधिक बढ़ सके।
इस महाअभियान को सफल बनाने के लिए स्थानीय जनप्रतिनिधियों, स्वयंसेवी संस्थाओं तथा शासकीय और अशासकीय संगठनों का सहयोग लिया जाएगा, जिससे गांवों में विकास की रफ्तार और तेज हो सके।










