
KPN24:- सक्ती जिले की जनपद पंचायत जैजैपुर अंतर्गत ग्राम पंचायत करही के सचिव अनिल कुमार खूंटे की कार्यशैली को लेकर ग्रामीणों में भारी आक्रोश है। ग्रामीणों का आरोप है कि सचिव महीनों तक पंचायत भवन से गायब रहते हैं, जिससे पंचायत के कार्य प्रभावित हो रहे हैं और आमजन को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
ग्रामीणों का कहना है कि पिछले लगभग दो दशकों से एक ही पंचायत में पदस्थ सचिव की मनमानी “चरम सीमा के सातवें आसमान पर” है। पंचायत भवन अक्सर बंद रहता है और सचिव का दर्शन मुश्किल हो गया है। ग्रामीणों ने बताया कि अगर महीने में एक या दो बार सचिव नजर आ जाएं, तो वह किसी ‘सौभाग्य’ से कम नहीं होता।
राशन कार्ड बनवाने में हो रही परेशानी
ग्रामवासियों के अनुसार, राशन कार्ड जैसी जरूरी सेवाओं के लिए लोग महीनों से सचिव के चक्कर काट रहे हैं। कई हितग्राही अपने आवेदन में हस्ताक्षर के लिए दो-दो महीने से सचिव की प्रतीक्षा कर रहे हैं, लेकिन सचिव न तो पंचायत भवन आते हैं, न ही फोन उठाते हैं और न ही कॉल बैक करते हैं।
स्वच्छता अभियान की उड़ रही धज्जियां
पंचायत भवन परिसर की हालत भी जर्जर है। सफाई की स्थिति बदहाल है, जिससे साफ-सफाई और स्वच्छ भारत अभियान की सरेआम अवहेलना हो रही है। स्थानीय लोग बताते हैं कि पंचायत सचिव की अनुपस्थिति अब गांव में चर्चा का विषय बन चुकी है।
ग्रामवासियों ने की कलेक्टर से शिकायत
लगातार हो रही इस अनियमितता से परेशान होकर ग्रामवासियों ने कलेक्टर से सचिव को अन्यत्र स्थानांतरित करने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि अब वे इस स्थिति से और अधिक समझौता नहीं कर सकते।
सचिव का जवाब
इस संबंध में जब पंचायत सचिव अनिल कुमार खूंटे से संपर्क किया गया, तो उन्होंने कहा, “मैं घरेलू कार्य से बाहर हूं।”
प्रशासन की प्रतिक्रिया
इस पूरे मामले पर जनपद पंचायत जैजैपुर की मुख्य कार्यपालन अधिकारी वर्षा रानी चिकनजूरी ने कहा, “शिकायत मिलने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।”










