
KPN24:- छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज अपने निवास कार्यालय से ‘गौ विज्ञान परीक्षा अभियान 2025’ का विधिवत शुभारंभ किया। इस अभियान का आयोजन छत्तीसगढ़ राज्य गौ संरक्षण एवं संवर्धन समिति द्वारा किया गया है। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर अभियान के पोस्टर का अनावरण भी किया और समिति के सदस्यों को इस लोकहितकारी पहल के लिए शुभकामनाएँ दीं।
मुख्यमंत्री ने कहा, “गौसेवा हमारी भारतीय संस्कृति की आत्मा है। यह न केवल पूजा और आस्था से जुड़ी है, बल्कि पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ जनस्वास्थ्य को बढ़ावा देने में भी सहायक है।” उन्होंने बताया कि इस वर्ष समिति द्वारा घर-घर किचन गार्डन निर्माण को भी विशेष अभियान के रूप में जोड़ा गया है, जिससे लोगों में आत्मनिर्भरता और पोषण सुरक्षा को बल मिलेगा।
परीक्षा की मुख्य जानकारियाँ:
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परीक्षा की तिथि: 4 नवम्बर 2025
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परीक्षा के उद्देश्य:
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गौवंश के महत्व और पर्यावरणीय भूमिका को जनसामान्य तक पहुँचाना।
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ग्लोबल वार्मिंग की रोकथाम में गौ संरक्षण के योगदान को रेखांकित करना।
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पंचगव्य और अन्य गौ आधारित उत्पादों के वैज्ञानिक पहलुओं का प्रचार-प्रसार करना।
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परीक्षा की श्रेणियाँ:
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माध्यमिक
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उच्चतर माध्यमिक
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महाविद्यालय स्तर
पुरस्कार:
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प्रदेश स्तरीय विजेता:
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प्रथम पुरस्कार – ₹51,000 + गौमय उत्पाद किट
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द्वितीय – ₹31,000 + किट
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तृतीय – ₹21,000 + किट
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जिला स्तरीय विजेता:
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प्रथम – ₹3,100 + किट
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द्वितीय – ₹2,100 + किट
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तृतीय – ₹1,100 + किट
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अन्य लाभ:
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सभी प्रतिभागियों को गौ विज्ञान ग्रंथ और प्रमाण पत्र प्रदान किया जाएगा।
समिति के प्रदेश अध्यक्ष सुबोध राठी ने बताया कि गत वर्ष यह परीक्षा राज्यभर के 1 लाख से अधिक विद्यार्थियों ने दी थी। इस वर्ष भी कम से कम इतनी ही भागीदारी सुनिश्चित करने का लक्ष्य रखा गया है।
पंजीयन कैसे करें:
इच्छुक विद्यार्थी अपनी संस्था के प्राचार्य या गौ विज्ञान प्रभारी से संपर्क कर पंजीयन कर सकते हैं।
इस अवसर पर प्रांत संयोजक अन्ना सफारे, प्रांत उप प्रमुख मनोज पांडेय, गौ ग्रंथ संपादक डॉ. अमित पांडेय समेत समिति के अन्य वरिष्ठ सदस्य भी उपस्थित रहे।










