
KPN24:- खेती-किसानी के लिए प्रसिद्ध छत्तीसगढ़ राज्य में इस वर्ष खरीफ सीजन में रासायनिक खाद की भारी किल्लत देखी जा रही है। किसानों की परेशानी उस समय और बढ़ गई जब जनपद पंचायत जैजैपुर अंतर्गत खजुरानी सेवा सहकारी समिति में संस्था प्रबंधक द्वारा खाद वितरण में मनमानी का मामला सामने आया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, समिति के संस्था प्रबंधक लालदेव चंद्रा पर खम्हारडीह सहित अन्य गांवों के किसानों ने आरोप लगाया है कि वे खाद वितरण में पक्षपात कर रहे हैं। खजुरानी गांव के रसूखदार किसानों को पहले ही खाद उपलब्ध करा दी गई है, जबकि खम्हारडीह के लगभग 90 प्रतिशत किसान अभी तक यूरिया और डीएपी जैसे आवश्यक रासायनिक खाद से वंचित हैं।
खेती में इस समय खाद की बहुत आवश्यकता है, ऐसे में समय पर खाद नहीं मिलने से फसल की उत्पादन पर सीधा असर पड़ सकता है, जिससे किसानों के सामने आजीविका का संकट खड़ा हो सकता है।
इसी समस्या को देखते हुए ग्राम खम्हारडीह के सरपंच श्री संगीत कुमार चंद्रा ने कई किसानों के साथ मिलकर जिला कलेक्टर से संस्था प्रबंधक की शिकायत की है। उन्होंने खाद वितरण में भेदभाव का आरोप लगाते हुए तत्काल आवश्यक खाद उपलब्ध कराने तथा दोषी अधिकारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
किसानों का कहना है कि अगर जल्द ही समाधान नहीं निकाला गया, तो उर्वरक के अभाव में धान की फसल पूरी तरह प्रभावित हो सकती है। ग्रामीणों ने संस्था प्रबंधक को हटाने की भी मांग की है, ताकि भविष्य में इस तरह की मनमानी न हो।
बहरहाल, किसानों को खाद जैसी मूलभूत कृषि सुविधा समय पर उपलब्ध न होना एक गंभीर समस्या है। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस मामले में कितनी जल्दी संज्ञान लेकर किसानों को राहत पहुंचाता है।










