
KPN24:- जांजगीर-चांपा जिले में बसंतपुर और सलियाघाट के मध्य महानदी पर बना पुल अब जर्जर स्थिति में पहुंच चुका है। कुछ ही वर्षों में इस पुल की हालत इतनी खराब हो गई है कि कभी भी बड़ी दुर्घटना हो सकती है। यह पुल जांजगीर-चांपा, सक्ती, कोरबा, बलौदाबाजार, सारंगढ़, रायगढ़, बिलासपुर, महासमुंद और रायपुर सहित कई जिलों को जोड़ने वाला एकमात्र मार्ग है।
प्रतिदिन हजारों की संख्या में दोपहिया, चारपहिया वाहन, यात्री बसें और भारी भरकम ट्रक इस पुल से गुजरते हैं। जगह-जगह बड़े-बड़े गड्ढों और सरिया के बाहर निकल आने से वाहन चालकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
गौरतलब है कि जनपद पंचायत बम्हनीडीह के अंतर्गत आने वाले ग्राम बसंतपुर और सलियाघाट के बीच स्थित यह पुल विभागीय देखरेख के अभाव में जर्जर हो गया है। पुल के डामर की परत उखड़ चुकी है और रेलिंग भी कई जगहों पर टूट गई है। वाहन चालक गड्ढों को बचाने के चक्कर में रेलिंग से टकरा जाते हैं, जिससे जान-माल का खतरा बना रहता है।
बरसात के दिनों में स्थिति और भी भयावह हो जाती है — गड्ढों में पानी भर जाने से सड़क समतल दिखाई देती है, जिसके कारण कई वाहन पलट चुके हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि सेतु निर्माण में घटिया सामग्री का उपयोग किया गया था, जिसके चलते कुछ ही वर्षों में पुल टूटने की कगार पर पहुंच गया है।
ग्रामीणों और वाहन चालकों ने संबंधित विभाग एवं जांजगीर-चांपा और सारंगढ़ जिला प्रशासन से पुल की तत्काल मरम्मत कराने की मांग की है। लोगों का कहना है कि जब तक इस पुल की मरम्मत नहीं होती, तब तक किसी भी दिन बड़ा हादसा हो सकता है।
बहरहाल, जिम्मेदार विभाग की अनदेखी से आमजन को भारी परेशानी झेलनी पड़ रही है। अब देखना यह होगा कि प्रशासन कब तक इस गंभीर समस्या पर ध्यान देता है और क्षेत्रवासियों को राहत प्रदान करता है।










