
KPN24:- जांजगीर-चांपा जिले में परम पूज्य संत शिरोमणि बाबा गुरु घासीदास जी की जयंती के पावन अवसर पर आज अनुसूचित जाति प्राधिकरण मंगल भवन, जांजगीर में जिला स्तरीय गुरु घासीदास लोक कला महोत्सव 2025 का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि लोकसभा जांजगीर-चांपा की सांसद श्रीमती कमलेश जांगड़े रहीं।
महोत्सव में जांजगीर-चांपा विधायक ब्यास कश्यप, पूर्व नेता प्रतिपक्ष नारायण चंदेल, पूर्व संसदीय सचिव अंबेश जांगड़े, पूर्व सांसद श्रीमती कमला देवी पाटले, जिला पंचायत सदस्य सुश्री आशा साव एवं श्रीमती संतोषी मनोज रात्रे, नवागढ़ जनपद अध्यक्ष श्रीमती कामता कश्यप, जिला पंचायत उपाध्यक्ष सक्ती कमल पटेल, आनंद मिरी, आशुतोष गोस्वामी, दिनेश शर्मा, संयुक्त कलेक्टर श्रीमती स्निग्धा तिवारी, सहायक आयुक्त अक्षय कंवर सहित अन्य जनप्रतिनिधि, अधिकारी-कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
मुख्य अतिथि सांसद श्रीमती कमलेश जांगड़े ने अपने उद्बोधन में कहा कि संत शिरोमणि बाबा गुरु घासीदास जी के विचारों एवं संदेशों को जन-जन तक पहुंचाने का कार्य केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा निरंतर किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि बाबा गुरु घासीदास जी ने समाज को सत्य, समानता और मानवता का मार्ग दिखाया। ऐसे सांस्कृतिक आयोजन हमारी परंपरा, संस्कृति और सामाजिक एकता को मजबूत करते हैं तथा युवा पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने का सशक्त माध्यम बनते हैं। उन्होंने बताया कि बाबा गुरु घासीदास जी की जयंती पूरे प्रदेश में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाई जा रही है।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पूर्व नेता प्रतिपक्ष नारायण चंदेल ने कहा कि बाबा गुरु घासीदास जी ने सर्व समाज को समानता, सद्भाव और सामाजिक कुरीतियों से मुक्त होने का संदेश दिया। उन्होंने गिरौदपुरी धाम की महत्ता बताते हुए जैतखाम को छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक पहचान बताया।
पूर्व संसदीय सचिव अंबेश जांगड़े ने कहा कि बाबा गुरु घासीदास जी की परिकल्पना ‘मनखे-मनखे एक समान’ समाज में समरसता और भाईचारे का मजबूत आधार है। वहीं पूर्व सांसद श्रीमती कमला देवी पाटले ने भी बाबा गुरु घासीदास जी के बताए मार्ग पर चलने का आह्वान करते हुए सभी को जयंती की शुभकामनाएं दीं।
इस अवसर पर आनंद मिरी ने भी अपने विचार रखे।
महोत्सव के दौरान आयोजित पंथी नृत्य प्रतियोगिता में धरती के वरदान पंथी पार्टी, बलौदा ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। प्रतियोगिता में शामिल सभी पंथी दलों को अतिथियों द्वारा पुरस्कार, शील्ड एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।










