
54 हजार से अधिक पंजीयन के साथ रचा नया सांस्कृतिक इतिहास
रायपुर | 04 फरवरी 2026 | KPN24.com
छत्तीसगढ़ के बस्तर अंचल की पहचान और जनजातीय विरासत का सबसे बड़ा उत्सव बस्तर पण्डुम 2026 इस वर्ष अभूतपूर्व जनभागीदारी के साथ नए कीर्तिमान रच रहा है। यह आयोजन बस्तर की आत्मा, लोककलाओं और पारंपरिक जीवनशैली का जीवंत उत्सव बन चुका है।
इस वर्ष विकासखंड स्तर पर 54,745 प्रतिभागियों का पंजीयन हुआ है, जो वर्ष 2025 की तुलना में तीन गुना से अधिक है। दंतेवाड़ा जिला 24,267 पंजीयन के साथ शीर्ष पर रहा, वहीं कांकेर, बीजापुर और सुकमा जिलों से भी हजारों कलाकारों की सहभागिता दर्ज की गई।
संभाग स्तरीय बस्तर पण्डुम 07 से 09 फरवरी 2026 तक आयोजित होगा, जिसमें जिला स्तर से चयनित 84 दलों के 705 कलाकार 12 पारंपरिक विधाओं में अपनी कला का प्रदर्शन करेंगे। जनजातीय नृत्य, लोकनाट्य, पारंपरिक संगीत, शिल्प, वाद्ययंत्र और पारंपरिक व्यंजन इस आयोजन के प्रमुख आकर्षण होंगे।
इस आयोजन में 340 महिला और 365 पुरुष कलाकारों की सहभागिता मातृशक्ति की मजबूत भूमिका को दर्शाती है। कुल मिलाकर बस्तर पण्डुम 2026 बस्तर की समृद्ध संस्कृति को विश्व पटल पर स्थापित करने की दिशा में एक सशक्त और यादगार पहल है।










