
KPN24:- छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के बेबीलॉन टावर में बीती रात लगी भीषण आग को जिला प्रशासन, पुलिस, अग्निशमन दल और कुछ जांबाज युवाओं की सूझबूझ से काबू पा लिया गया। गनीमत रही कि इस घटना में कोई जनहानि नहीं हुई। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देश पर राहत एवं बचाव कार्य तत्काल शुरू किया गया और सभी लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला गया।
घटना की जानकारी मिलते ही कलेक्टर डॉ. गौरव कुमार सिंह और एसएसपी डॉ. लाल उम्मेद सिंह तत्काल मौके पर पहुंचे। नगर निगम आयुक्त विश्वदीप, जिला पंचायत सीईओ कुमार बिश्वरंजन, एडीएम उमाशंकर बंदे, एसडीएम नंदकुमार चौबे, जिला सेनानी अधिकारी पुष्पराज सिंह, तेलीबांधा थाना प्रभारी और एसडीआरएफ टीम सहित पूरा अमला आग बुझाने और लोगों को सुरक्षित निकालने में जुट गया। इस दौरान मुख्यमंत्री और सीएम सचिवालय लगातार स्थिति पर नजर बनाए रहे।
रेस्क्यू ऑपरेशन में अहम भूमिका निभाने वाले युवाओं सोमेश साव, देवाशीष बरिहा, आकाश साहू, विशाल यादव, अभिषेक सिन्हा और नगर निगम कर्मचारी ए. वेनूगोपाल को आज कलेक्टर और एसएसपी ने शॉल व किताब भेंटकर सम्मानित किया। कलेक्टर ने कहा कि ये युवा समाज के लिए प्रेरणास्त्रोत हैं, जिन्होंने अपनी जान की परवाह किए बिना दूसरों को सुरक्षित बाहर निकाला।
कलेक्टर डॉ. सिंह ने बताया कि युवाओं की सूझबूझ और बहादुरी ने इस ऑपरेशन को सफल बनाया। सोमेश साव ने अपने मित्र के फोन पर सूचना मिलते ही तुरंत घटनास्थल पहुंचकर बेसमेंट से फायर इक्विपमेंट जुटाया और ऊपर की मंज़िलों पर आग बुझाते हुए फंसे लोगों को बाहर निकाला। इस दौरान फायर ब्रिगेड के ए. वेनूगोपाल ने गीले कपड़े का मास्क बनाकर युवाओं को सुरक्षा उपाय बताए और टीम के साथ मिलकर कई लोगों की जान बचाई।
विशेष रूप से, रेस्क्यू टीम ने आग में फंसे एक दिव्यांग व्यक्ति को गोद में उठाकर सुरक्षित बाहर निकाला। घटना की शुरुआत में एसडीएम नंदकुमार चौबे और जिला सेनानी पुष्पराज सिंह तुरंत मौके पर पहुंचे और सातवीं मंज़िल तक जाकर लोगों को शांत रहने व सुरक्षित तरीके से बाहर निकलने की समझाइश दी। उनकी इस सूझबूझ से घबराहट कम हुई और सभी लोग सुरक्षित बाहर निकल पाए।
कलेक्टर ने कहा कि ऐसे जांबाज युवाओं और जिम्मेदार प्रशासनिक अमले ने साबित किया है कि मुश्किल घड़ी में सामूहिक प्रयास से बड़ी से बड़ी आपदा पर काबू पाया जा सकता है। मुख्यमंत्री ने इस सराहनीय कार्य के लिए पूरी टीम को बधाई दी है।










