
KPN24 :- छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले से इस वक्त की बड़ी खबर सामने आ रही है। एनटीपीसी सीपत परिसर में बुधवार दोपहर एक बड़ा हादसा हो गया, जब 60 टन वजनी ऐश टैंक के अचानक गिरने से हड़कंप मच गया। इस भीषण दुर्घटना में 60 से अधिक मजदूरों के दबे होने की आशंका जताई जा रही है। फिलहाल 7 मजदूरों को मलबे से सुरक्षित बाहर निकाला जा चुका है, जबकि एक मजदूर की मौत की पुष्टि एनटीपीसी के जनसंपर्क अधिकारी ने की है। रेस्क्यू ऑपरेशन युद्धस्तर पर जारी है।
21 मीटर ऊंचाई से गिरे मजदूर, एक की मौके पर मौत
प्राप्त जानकारी के अनुसार, हादसा उस समय हुआ जब बॉयलर मेंटेनेंस डिपार्टमेंट में एनुअल मेंटेनेंस का कार्य चल रहा था। 21 मीटर की ऊंचाई पर काम कर रहे सात मजदूरों में से दो मजदूर जाली और प्लेट समेत नीचे गिर गए। इनमें से एक मजदूर घनश्याम साहू की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दूसरा मजदूर गंभीर रूप से घायल है और उसे सिम्स अस्पताल रेफर किया गया है। तीन अन्य मजदूरों का इलाज एनटीपीसी परिसर के अंदर ही चल रहा है।
मजदूरों के परिजनों का हंगामा, सड़क जाम
हादसे की खबर मिलते ही मजदूरों के परिजनों में कोहराम मच गया। रोते-बिलखते परिजनों ने एनटीपीसी गेट के सामने जमकर हंगामा किया। मृतक और लापता मजदूरों की मां, पत्नी और बहनें बेसुध हो गईं। आक्रोशित स्थानीय नागरिकों और परिजनों ने सीपत रोड को जाम कर दिया है, जिससे क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया है।
रेस्क्यू जारी, जांच शुरू
प्लांट प्रशासन और स्थानीय पुलिस घटनास्थल पर पहुंचकर राहत एवं बचाव कार्य में जुट गई है। बताया जा रहा है कि अभी भी 7 से 8 मजदूरों के मलबे में दबे होने की आशंका है। एनटीपीसी प्रबंधन और पुलिस द्वारा हादसे की जांच शुरू कर दी गई है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि यह हादसा ऐश टैंक गिरने के कारण हुआ, जिसकी वजह तकनीकी खामी या लापरवाही हो सकती है।
सुरक्षा मानकों पर उठे सवाल
गौरतलब है कि हाल ही में मुंगेली जिले के सरगांव में एक निर्माणाधीन स्टील प्लांट की चिमनी गिरने से बड़ा हादसा हुआ था, जिसमें कई मजदूरों की मौत हुई थी। अब सीपत एनटीपीसी में हुए इस हादसे ने एक बार फिर से औद्योगिक सुरक्षा मानकों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। क्या यह तकनीकी त्रुटि थी या सुरक्षा नियमों की अनदेखी? फिलहाल, इसका जवाब जांच रिपोर्ट के बाद ही सामने आ सकेगा।
एनटीपीसी प्रबंधन ने मृतक के परिजनों को मुआवजा देने की बात कही है और मामले की गहन जांच का भरोसा दिया है।










